बिहार में कृषि 77% कार्यबल को रोजगार देती है और राज्य के GDP में लगभग 24.84% का योगदान देती है। सरकारी कॉलेज किफायती फीस, अनुभवी शिक्षक, और ICAR से मान्यता प्राप्त कोर्स प्रदान करते हैं। इन कॉलेजों में B.Sc., M.Sc., और Ph.D. जैसे कोर्स उपलब्ध हैं, जो आपको कृषि वैज्ञानिक, खेत प्रबंधक, या कृषि व्यवसाय सलाहकार बनने का मौका देते हैं।
बिहार के टॉप सरकारी कृषि कॉलेज
यहाँ बिहार के कुछ बेहतरीन सरकारी कृषि कॉलेजों की सूची दी गई है, जो 2025 में आपके करियर के लिए बेहतरीन विकल्प हो सकते हैं:
बिहार कृषि विश्वविद्यालय (Bihar Agricultural University), साबौर, भागलपुर
स्थापना: 5 अगस्त, 2010
क्यों चुनें? यह बिहार का सबसे पुराना और प्रतिष्ठित कृषि संस्थान है, जो ICAR से मान्यता प्राप्त है। इसमें 5 कृषि और 1 बागवानी कॉलेज हैं, जो 3 कृषि-जलवायु क्षेत्रों में फैले हैं।
कोर्स: B.Sc. (Hons) Agriculture, B.Sc. (Hons) Horticulture, M.Sc. (Agronomy, Horticulture, Plant Pathology), Ph.D.
प्रवेश परीक्षा: BCECE, ICAR AIEEA
खासियत: 350 सीटों की क्षमता और आधुनिक शोध सुविधाएँ।
संपर्क: 9430460056, (06274) 240239
डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय (Dr. Rajendra Prasad Central Agricultural University), पूसा, समस्तीपुर
स्थापना: 1970 (2016 में केंद्रीय विश्वविद्यालय बना)
क्यों चुनें? यह बिहार का एक प्रमुख कृषि विश्वविद्यालय है, जो अपनी शोध और शिक्षण गुणवत्ता के लिए जाना जाता है।
कोर्स: B.Sc. Agriculture, B.Tech. Agricultural Engineering, M.Sc., Ph.D.
प्रवेश परीक्षा: ICAR AIEEA, CUET
खासियत: उन्नत प्रयोगशालाएँ और फील्डवर्क पर जोर।
संपर्क: पूसा, समस्तीपुर – 848125
तिरहुत कृषि कॉलेज (Tirhut College of Agriculture), धोली, मुजफ्फरपुर
क्यों चुनें? डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय से संबद्ध, यह कॉलेज फसल उत्पादन, मृदा विज्ञान, और पौध संरक्षण में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करता है।
कोर्स: B.Sc. Agriculture
प्रवेश परीक्षा: BCECE, ICAR AIEEA
खासियत: अनुभवी शिक्षक और प्रायोगिक प्रशिक्षण पर जोर।
भोला पासवान शास्त्री कृषि कॉलेज (Bhola Paswan Shastri Agricultural College), पूर्णिया
क्यों चुनें? यह कॉलेज बिहार कृषि विश्वविद्यालय से संबद्ध है और क्षेत्रीय कृषि चुनौतियों पर केंद्रित है।
कोर्स: B.Sc. Agriculture
प्रवेश परीक्षा: BCECE
खासियत: स्थानीय किसानों के लिए तकनीक हस्तांतरण पर जोर।
वीर कुंवर सिंह कृषि कॉलेज (Veer Kunwar Singh College of Agriculture), डुमराँव, बक्सर
क्यों चुनें? बिहार कृषि विश्वविद्यालय से संबद्ध, यह कॉलेज आधुनिक कृषि तकनीकों और टिकाऊ खेती पर केंद्रित है।
कोर्स: B.Sc. Agriculture
प्रवेश परीक्षा: BCECE
खासियत: शोध खेत और व्यावहारिक प्रशिक्षण सुविधाएँ।
मंदन भारती कृषि कॉलेज (Mandan Bharti Agriculture College), अगवानपुर, सहरसा
क्यों चुनें? यह बिहार कृषि विश्वविद्यालय से संबद्ध है और टिकाऊ कृषि प्रथाओं पर ध्यान देता है।
कोर्स: B.Sc. Agriculture
प्रवेश परीक्षा: BCECE
खासियत: आधुनिक प्रयोगशालाएँ और अनुभवी शिक्षक।
बिहार में कृषि 77% कार्यबल को रोजगार देती है और राज्य के GDP में लगभग 24.84% का योगदान देती है। सरकारी कॉलेज किफायती फीस, अनुभवी शिक्षक, और ICAR से मान्यता प्राप्त कोर्स प्रदान करते हैं। इन कॉलेजों में B.Sc., M.Sc., और Ph.D. जैसे कोर्स उपलब्ध हैं, जो आपको कृषि वैज्ञानिक, खेत प्रबंधक, या कृषि व्यवसाय सलाहकार बनने का मौका देते हैं।
यहाँ बिहार के कुछ बेहतरीन सरकारी कृषि कॉलेजों की सूची दी गई है, जो 2025 में आपके करियर के लिए बेहतरीन विकल्प हो सकते हैं:
इन कॉलेजों में B.Sc. Agriculture में प्रवेश के लिए:
इन कॉलेजों से स्नातक करने के बाद आप निम्नलिखित क्षेत्रों में करियर बना सकते हैं:
वेतन: B.Sc. Agriculture स्नातकों का शुरुआती वेतन ₹3-8 लाख प्रति वर्ष हो सकता है।
बिहार के सरकारी कृषि कॉलेज, जैसे बिहार कृषि विश्वविद्यालय और डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा और प्रायोगिक प्रशिक्षण प्रदान करते हैं। ये कॉलेज आपके कृषि करियर को नई ऊँचाइयों तक ले जा सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए कॉलेज की आधिकारिक वेबसाइट्स या GetMyUni जैसे प्लेटफॉर्म देखें।
क्या आप किसी विशिष्ट कॉलेज के बारे में और जानकारी चाहते हैं? नीचे कमेंट करें!
इन कॉलेजों में B.Sc. Agriculture में प्रवेश के लिए:
12वीं कक्षा में भौतिकी, रसायन विज्ञान, और जीव विज्ञान/गणित के साथ कम से कम 50% अंक।
BCECE, ICAR AIEEA, या CUET जैसी प्रवेश परीक्षाएँ पास करनी होंगी।
कुछ कॉलेज मेरिट के आधार पर भी प्रवेश देते हैं।
कॉलेज चुनते समय क्या देखें?
ICAR मान्यता: सुनिश्चित करें कि कॉलेज ICAR से मान्यता प्राप्त हो।
कोर्स और विशेषज्ञता: Agronomy, Horticulture, Plant Pathology जैसे कोर्स उपलब्ध हों।
सुविधाएँ: आधुनिक प्रयोगशालाएँ, शोध खेत, और प्लेसमेंट सपोर्ट।
फीस: सरकारी कॉलेजों में फीस आमतौर पर किफायती होती है (लगभग ₹10,000-₹30,000 प्रति वर्ष)।
करियर के अवसर
इन कॉलेजों से स्नातक करने के बाद आप निम्नलिखित क्षेत्रों में करियर बना सकते हैं:
कृषि विकास अधिकारी
खेत प्रबंधक
कृषि वैज्ञानिक
मृदा वैज्ञानिक
कृषि व्यवसाय सलाहकार
वेतन: B.Sc. Agriculture स्नातकों का शुरुआती वेतन ₹3-8 लाख प्रति वर्ष हो सकता है।
| क्रमांक | महाविद्यालय का नाम | स्थान | संबद्धता | प्रमुख पाठ्यक्रम |
|---|---|---|---|---|
| 1 | बिहार कृषि महाविद्यालय | सबौर, भागलपुर | बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU) | बीएससी (कृषि), एमएससी (कृषि), पीएचडी |
| 2 | डॉ. राजेंद्र प्रसाद कृषि विश्वविद्यालय महाविद्यालय | पूसा, समस्तीपुर | डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय (RPCAU) | बीएससी (कृषि), बीटेक (कृषि इंजीनियरिंग), एमएससी |
| 3 | भोला पासवान शास्त्री कृषि महाविद्यालय | पूर्णिया | बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU) | बीएससी (कृषि), बीएससी (बागवानी), एमएससी |
| 4 | तिरहुत कृषि महाविद्यालय | धोली, मुजफ्फरपुर | बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU) | बीएससी (कृषि), एमएससी (कृषि) |
| 5 | वीर कुंवर सिंह कृषि महाविद्यालय | डुमरांव, बक्सर | वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय | बीएससी (कृषि), डिप्लोमा इन एग्रीकल्चर |
| 6 | नालंदा बागवानी महाविद्यालय | नूरसराय, नालंदा | बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU) | बीएससी (बागवानी), एमएससी (बागवानी) |
| 7 | मंदन भarti कृषि महाविद्यालय | अगवानपुर, सहरसा | बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU) | बीएससी (कृषि), एमएससी |
| 8 | डॉ. कलाम कृषि महाविद्यालय | किशनगंज | बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU) | बीएससी (कृषि), बीएससी (पशुपालन) |
| 9 | कृषि इंजीनियरिंग महाविद्यालय | पूसा, समस्तीपुर | RPCAU | बीटेक (कृषि इंजीनियरिंग), एमटेक |
