CUET (Common University Entrance Test) भारत में विभिन्न केंद्रीय विश्वविद्यालयों, राज्य विश्वविद्यालयों, डीम्ड विश्वविद्यालयों और अन्य भाग लेने वाले संस्थानों में स्नातक (UG), स्नातकोत्तर (PG), और पीएचडी कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए आयोजित होने वाली एक राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षा है। इसे राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) द्वारा आयोजित किया जाता है और यह शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार की पहल है। CUET का उद्देश्य देश भर के विश्वविद्यालयों में प्रवेश प्रक्रिया को एकसमान, पारदर्शी और निष्पक्ष बनाना है। इस SEO-अनुकूलित लेख में हम CUET क्या है, इसका पूर्ण रूप, उद्देश्य, पात्रता, परीक्षा पैटर्न, और महत्व के बारे में विस्तार से जानेंगे। यह लेख छात्रों, अभिभावकों, और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए उपयोगी है।
CUET का पूर्ण रूप है: Common University Entrance Test (कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट)। हिंदी में इसे सामान्य विश्वविद्यालय प्रवेश परीक्षा कहा जाता है।
CUET एक राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षा है जो 2022 में शुरू की गई थी। यह विभिन्न विश्वविद्यालयों में स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए एक सामान्य मंच प्रदान करती है। पहले, विश्वविद्यालय अपने-अपने प्रवेश मानदंडों (जैसे 12वीं के अंक या अलग-अलग प्रवेश परीक्षाएँ) के आधार पर प्रवेश देते थे, लेकिन CUET ने इस प्रक्रिया को एकीकृत कर दिया है। यह कृषि, इंजीनियरिंग, कला, विज्ञान, वाणिज्य, और अन्य क्षेत्रों के पाठ्यक्रमों के लिए लागू है। विशेष रूप से, ICAR (भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद) से संबद्ध कृषि विश्वविद्यालयों में स्नातक प्रवेश के लिए CUET (ICAR-UG) का उपयोग किया जाता है।
CUET के प्रमुख उद्देश्य निम्नलिखित हैं:
एकीकृत प्रवेश प्रक्रिया: विभिन्न विश्वविद्यालयों के लिए एक सामान्य प्रवेश परीक्षा।
निष्पक्षता और पारदर्शिता: मेरिट के आधार पर प्रवेश, बिना किसी भेदभाव के।
छात्रों की सुविधा: एक ही परीक्षा से कई विश्वविद्यालयों में आवेदन की सुविधा।
क्षेत्रीय असमानता को कम करना: ग्रामीण और शहरी छात्रों के लिए समान अवसर।
शैक्षिक गुणवत्ता: विश्वविद्यालयों में प्रवेश प्रक्रिया को मानकीकृत करना।
CUET की पात्रता पाठ्यक्रम के स्तर (UG, PG, या PhD) और विश्वविद्यालय के अनुसार अलग-अलग हो सकती है। सामान्य पात्रता मानदंड निम्नलिखित हैं:
शैक्षिक योग्यता: कक्षा 12वीं या समकक्ष परीक्षा उत्तीर्ण या इसमें शामिल होने वाले छात्र।
न्यूनतम अंक: सामान्यतः 50% (सामान्य वर्ग) और 45% (SC/ST/OBC)।
आयु सीमा: आमतौर पर कोई आयु सीमा नहीं, लेकिन कुछ विश्वविद्यालयों में विशिष्ट आयु मानदंड हो सकते हैं।
विशिष्ट आवश्यकताएँ: जैसे, कृषि पाठ्यक्रमों के लिए भौतिकी, रसायन विज्ञान, और जीव विज्ञान/गणित/कृषि विषयों की आवश्यकता।
शैक्षिक योग्यता: संबंधित क्षेत्र में स्नातक डिग्री (जैसे बीएससी कृषि के लिए एमएससी कृषि में प्रवेश)।
न्यूनतम अंक: सामान्यतः 55% (सामान्य वर्ग) और 50% (SC/ST/OBC)।
आयु सीमा: कोई सख्त आयु सीमा नहीं।
स्नातकोत्तर डिग्री और विश्वविद्यालय के विशिष्ट मानदंड।
CUET का पैटर्न लचीला है और पाठ्यक्रम के अनुसार बदलता है। सामान्य संरचना निम्नलिखित है:
मोड: ऑनलाइन (कंप्यूटर आधारित टेस्ट) और कुछ मामलों में ऑफलाइन।
खंड:
भाषा (Section IA & IB): हिंदी, अंग्रेजी, और अन्य क्षेत्रीय भाषाएँ (13+20 भाषाएँ)।
विषय-विशिष्ट (Section II): 27 डोमेन-विशिष्ट विषय, जैसे भौतिकी, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान, कृषि, आदि।
सामान्य परीक्षा (Section III): सामान्य ज्ञान, तर्क, और गणित।
प्रश्नों की संख्या: 40-50 प्रश्न प्रति खंड, जिसमें से 35-40 प्रयास करने होते हैं।
अवधि: 45-60 मिनट प्रति खंड।
अंकन: +5 प्रत्येक सही उत्तर के लिए, -1 गलत उत्तर के लिए।
मोड: ऑनलाइन।
खंड: विषय-विशिष्ट प्रश्न (जैसे कृषि, बागवानी, या अन्य क्षेत्र)।
प्रश्नों की संख्या: 100 MCQs।
अवधि: 2 घंटे।
अंकन: +4 सही उत्तर, -1 गलत उत्तर।
CUET के माध्यम से 164 विश्वविद्यालय (केंद्रीय, राज्य, डीम्ड, और निजी) में प्रवेश मिलता है। कुछ प्रमुख विश्वविद्यालय हैं:
केंद्रीय विश्वविद्यालय: दिल्ली विश्वविद्यालय (DU), जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU), बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (BHU)।
कृषि विश्वविद्यालय: बिहार कृषि विश्वविद्यालय (सबौर), डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय (पूसा), और अन्य ICAR संबद्ध विश्वविद्यालय।
अन्य: अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (AMU), जामिया मिल्लिया इस्लामिया।
कृषि पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए CUET (ICAR-UG) का उपयोग होता है। यह ICAR से संबद्ध 74 कृषि विश्वविद्यालयों में बीएससी (कृषि), बीएससी (बागवानी), बीटेक (कृषि इंजीनियरिंग), और अन्य पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए आयोजित होता है। प्रमुख बिंदु:
सीटें: 15% अखिल भारतीय कोटा सीटें और ICAR-DUs में 100% सीटें।
विषय: भौतिकी, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान/गणित/कृषि।
पंजीकरण (2025): अगस्त 2024 में शुरू, मॉप-अप राउंड फरवरी 2025 में।
CUET ने भारत में उच्च शिक्षा के प्रवेश को क्रांतिकारी बदलाव दिया है:
एकीकरण: एक ही परीक्षा से देश भर के विश्वविद्यालयों में प्रवेश।
निष्पक्षता: 12वीं के अंकों पर निर्भरता कम, मेरिट आधारित चयन।
विविधता: 44 केंद्रीय विश्वविद्यालयों सहित 164+ संस्थानों में प्रवेश।
छात्रों की सुविधा: एक परीक्षा से कई पाठ्यक्रमों और विश्वविद्यालयों में आवेदन।